Monday, January 24th, 2022

सर्दियों में ड्राई स्किन का परमानेंट इलाज

    सर्दियों का मौसम ड्राई स्किन वाले लोगों के लिए परेशानी बन जाता है। त्वचा हर वक्त बेजान और ड्राई दिखने लगती है। मॉइश्चराइजर नहीं लगाने से कई बार समस्या और बढ़ जाती है। यही नहीं रूखी त्वचा पर मेकअप अप्लाई करते वक्त भी खास ध्यान रखना पड़ता है। वहीं सर्दियों में त्वचा फटने भी लगती है, जिसकी वजह से काफी इरिटेशन होती है। हालांकि, इस समस्या से छुटकारा पाने के लिए महिलाएं तरह-तरह के घरेलू उपाय आजमाती रहती हैं, कुछ देर तक इसका फर्क देखने को मिलता, लेकिन थोड़ी देर बाद त्वचा वापस ड्राई हो जाती है।
    ड्राई होने की वजह से चेहरे की चमक और रंगत दोनों जाने लगती हैं। सर्दियों में अपनी स्किन को देखते हुए महिलाएं मॉइश्चराइजर क्रीम बदल देती है, लेकिन इससे कुछ खास फायदा नहीं होगा। ऐसे में सिर्फ घरेलू नुस्खा काम नहीं आएगा बल्कि इसके साथ कुछ और अन्य चीजों को भी जोड़ने की आवश्यकता होती है। ब्यूटी एक्सपर्ट डॉक्टर आंचल ने अपने इंस्टाग्राम पोस्ट के जरिए 5 ऐसे इंग्रेडिएंट्स बताए हैं, जो ड्राई स्किन से राहत दिलाने में मदद कर सकते हैं। तो चलिए जानते हैं इन 5 इंग्रेडिएंट्स के बारे में-

​यूरिया

डॉक्टर आंचल के अनुसार, यूरिया त्वचा के नेचुरल मॉइश्चराइजिंग फैक्टर का एक हिस्सा है। यह शरीर में संश्लेषित होता है और त्वचा में पाया जाता है। यह आपकी त्वचा को हाइड्रेट और हेल्दी रखने के लिए महत्वपूर्ण माना जाता है। अगर आप ड्राई स्किन से जूझ रहे हैं या फिर अपनी फटी एड़ियों से परेशान हैं तो यूरिया वाली क्रीम आपके लिए मददगार साबित हो सकती है। इसके अलावा सोरायसिस या एक्जिमा से जूझ रहे हैं तो भी आप यूरिया युक्त क्रीम इस्तेमाल कर सकती हैं।

​सिरामाइड्स

हमारी त्वचा की ऊपरी परत, एपिडर्मिस, ईंटों और मोर्टार स्ट्रक्चर से बनी होती हैं। अगर त्वचा की कोशिकाएं ईंटें हैं, तो सेरामाइड्स मोर्टार होते हैं जो गैप के बीच मौजूद होते हैं। सेरामाइड्स लिपिड या फैट होते हैं, जो त्वचा के बैरियर को बनाए रखने में मदद करते हैं। सेरामाइड्स त्वचा की ऊपरी परत से पानी की कमी को कम करते हैं। यह रूखापन और खुजली को कम करने के साथ-साथ त्वचा को भी रिलैक्स रखता है।

​स्क्वैलिन

स्क्वालीन हमारी त्वचा में प्राकृतिक रूप से पाया जाने वाला तत्व है। यह त्वचा में ऑयल फॉर्म करने वाली ग्लैंड द्वारा निर्मित होता है। इसे जैतून के तेल, चावल या फिर सोया से निकाला जाता है। आसान शब्दों में कहें तो स्कैलिन एक ऑयल है, लेकिन यह चिपचिपा नहीं लगता। साथ ही, यह रंगहीन होता है और इसमें कोई स्मेल भी नहीं होती है। इसके साथ इसमें एंटी बैक्टीरियल गुण होते हैं। यह सेंसिटिव स्किन को शांत करता है।

​पेट्रोलियम/ लिक्विड पैराफिन

यह कच्चे पेट्रोलियम तेल से प्राप्त होते हैं। ये हाई रिफाइंड मिनरल ऑयल है, जिसमें कोई कलर और स्मेल नहीं होती। इसके अलावा इसमें कोई स्वाद नहीं होता है। ये अच्छे ओक्लूसिव्स होते हैं, जिससे त्वचा की सतह पर नमी सील हो जाती है। यह ट्रांस एपीडर्मल पानी की कमी को कम करता है और त्वचा को लंबे समय तक हाइड्रेट रखता है। मिनरल ऑयल नॉन एलर्जेनिक, स्थिर कंपाउंड हैं। ये त्वचा की बाधा को बनाए रखने में मदद करते हैं।

​कोलायडीय ओटमील

अगर आपकी ड्राई इचि स्किन है तो आपको कोलायडीय ओटमील युक्त मॉइश्चराइजर और क्लींजर इस्तेमाल करने की आवश्यकता है। डॉक्टर आंचल के अनुसार, ओट (Avena sativa) का स्किन डिसऑर्डर को ठीक करने के तौर पर एक लंबा इतिहास रहा है। इसमें एवेनथ्रामाइड्स होते हैं जिनमें एंटी इंफ्लेमेटरी और एंटीऑक्सीडेंट गुण होते हैं।

Source : Agency

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